नाम बदलने की नई लिस्ट में मुस्तफाबाद भी शामिल, योगी का बड़ा बयान!
लखीमपुर खीरी में आयोजित एक जनसभा में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने कहा कि आज प्रदेश में डबल इंजन की सरकार जनता की आस्था और विकास दोनों का सम्मान कर रही है। उन्होंने मंच से कहा कि पहले सरकारों का पैसा कब्रिस्तान की बाउंड्री दीवार पर खर्च होता था, लेकिन अब हमारी सरकार प्रमुख धर्मस्थलों का पुनरुद्धार करा रही है। योगी ने कहा कि मुस्तफाबाद का नाम बदलकर कबीरधाम किया जाएगा।
डबल इंजन सरकार कर रही है आस्था का सम्मान:
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश में डबल इंजन की सरकार ने धार्मिक स्थलों के गौरव को पुनर्जीवित किया है। पहले की सरकारें धार्मिक आस्थाओं की अनदेखी करती थीं, लेकिन अब हर धर्मस्थल का विकास प्राथमिकता पर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह सरकार सभी धर्मों के सम्मान में विश्वास रखती है, लेकिन तुष्टिकरण की राजनीति को समाप्त कर चुकी है।
प्रमुख शहरों और स्टेशनों के नाम बदले गए:
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के कई ऐतिहासिक स्थानों और स्टेशनों का नाम बदलकर उन्हें नई पहचान दी गई है। इलाहाबाद का नाम बदलकर प्रयागराज किया गया, फैजाबाद का नाम बदलकर अयोध्या रखा गया। इसी क्रम में मुगलसराय रेलवे स्टेशन का नाम बदलकर पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन कर दिया गया। वहीं, झांसी रेलवे स्टेशन को वीरांगना लक्ष्मीबाई रेलवे स्टेशन का नाम दिया गया।
अमेठी के रेलवे स्टेशनों को मिली नई पहचान:
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अमेठी में आठ रेलवे स्टेशनों का नाम बदलकर उन्हें सांस्कृतिक और ऐतिहासिक स्वरूप दिया गया है। फुरसतगंज स्टेशन का नाम तपेश्वरनाथ धाम, कासिमपुर हॉल्ट का नाम जायस सिटी, जायस स्टेशन का नाम गुरु गोरखनाथ धाम, बनी स्टेशन का नाम स्वामी परमहंस, मिसरौली का नाम मां कालिकन धाम, निहालगढ़ स्टेशन का नाम महाराजा बिजली पासी, अकबरगंज स्टेशन का नाम मां अहोरवा भवानी धाम और वारिसगंज का नाम अमर शहीद भाले सुल्तान किया गया है।
लखनऊ में भी हुए प्रमुख चौराहों के नामकरण:
योगी सरकार ने राजधानी लखनऊ (Lucknow) में भी कई चौराहों के नाम बदलकर नई पहचान दी है। बर्लिंगटन चौराहे का नाम अब अशोक सिंघल चौराहा रखा गया है, जबकि सिकंदराबाग चौराहे को वीरांगना उदादेवी चौराहा नाम दिया गया है। योगी ने कहा कि यह बदलाव केवल नाम का नहीं, बल्कि सम्मान का प्रतीक है, जिससे समाज के महान व्यक्तित्वों को श्रद्धांजलि दी जा रही है।
संस्कृति और आस्था की पुनर्स्थापना का प्रयास:
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार प्रदेश की संस्कृति, आस्था और गौरव को पुनर्स्थापित करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश के लोग अब गर्व से अपने धार्मिक स्थलों और इतिहास का नाम ले सकते हैं। सरकार का उद्देश्य केवल विकास नहीं, बल्कि सांस्कृतिक चेतना को भी मजबूत करना है।
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