प्रयागराज में 60 हजार प्राथमिक शिक्षक पदों पर भर्ती की मांग को लेकर छात्रों का आंदोलन गुरुवार को और तेज हो गया। बुधवार रात धरना दे रहे छात्रों को हटाए जाने के बाद गुरुवार को करीब एक हजार छात्र-छात्राएं सिविल लाइंस स्थित धरना स्थल के पास पहुंच गए। पुलिस ने धरना स्थल की ओर जाने वाले रास्ते पर बैरिकेडिंग कर प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया। इसके बाद बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं हर्ष होटल के पास जुट गए। प्रदर्शन में छात्राओं की भी बड़ी संख्या रही। मौके पर पुलिस बल तैनात किया गया है।
60 हजार प्राथमिक शिक्षक पदों पर भर्ती की मांग:
प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं का कहना है कि 60 हजार प्राथमिक शिक्षक पदों पर भर्ती की मांग को लेकर उनका आंदोलन जारी रहेगा। छात्रों ने स्पष्ट किया कि जब तक सरकार की ओर से भर्ती को लेकर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक वे अपनी मांग से पीछे नहीं हटेंगे। छात्रों का कहना है कि भर्ती की मांग को लेकर वे लगातार आंदोलन कर रहे हैं और आगे भी इसे जारी रखने का निर्णय लिया है।
बुधवार रात छात्रों को हटाने का आरोप:
प्रदर्शनकारी छात्रों ने आरोप लगाया कि बुधवार रात धरना दे रहे उनके कुछ साथियों को पुलिस ने जबरन वहां से हटा दिया। छात्रों के मुताबिक, प्रदर्शन के लिए लगाए गए टेंट और अन्य सामान को भी पुलिस ने कब्जे में ले लिया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग को लेकर धरना दे रहे थे, इसके बावजूद पुलिस की ओर से कार्रवाई की गई।
हर्ष होटल के पास बड़ी संख्या में छात्र जुटे:
गुरुवार को प्रदर्शनकारी छात्र-छात्राएं हर्ष होटल के पास एकत्र हुए। यहां बड़ी संख्या में छात्राओं ने भी प्रदर्शन में हिस्सा लिया। छात्राओं का कहना है कि वे लंबे समय से प्राथमिक शिक्षक भर्ती की मांग को लेकर आंदोलन कर रही हैं। उनका कहना है कि उन्हें बार-बार प्रदर्शन स्थल से हटाया गया, लेकिन इसके बावजूद वे अपनी मांग को लेकर पीछे नहीं हटेंगी।
पुलिस ने बल प्रयोग के आरोप से किया इनकार:
छात्रों की ओर से लगाए गए आरोपों से पुलिस ने अलग स्थिति बताई है। एडीसीपी सिटी सागर जैन ने कहा कि किसी भी छात्र के साथ बल प्रयोग नहीं किया गया। उनके मुताबिक, धरना स्थल पर बिना अनुमति के प्रदर्शन चल रहा था। इसी वजह से प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं से वहां से हटने का निवेदन किया गया था।
कम ग्लूकोज स्तर वाली छात्राओं को अस्पताल भेजा:
एडीसीपी सिटी सागर जैन के मुताबिक, प्रदर्शन के दौरान कुछ छात्राओं का ग्लूकोज स्तर काफी कम हो गया था। इसके बाद उन्हें चिकित्सकीय उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। प्राथमिक उपचार के बाद सभी छात्राओं को घर भेज दिया गया। पुलिस के अनुसार, छात्राओं को उपचार उपलब्ध कराया गया और इसके बाद उन्हें घर भेज दिया गया।
भर्ती की मांग पर आंदोलन जारी रखने पर अड़े छात्र:
गुरुवार को प्रदर्शन के दौरान छात्र-छात्राओं ने दोहराया कि उनका मुख्य मुद्दा 60 हजार प्राथमिक शिक्षक पदों पर भर्ती है। छात्रों का कहना है कि सरकार की ओर से भर्ती को लेकर ठोस निर्णय आने तक वे आंदोलन जारी रखेंगे। वहीं, पुलिस की ओर से प्रदर्शन को लेकर अनुमति नहीं होने की बात कही गई है। इस पूरे घटनाक्रम के बीच प्रयागराज में शिक्षक भर्ती की मांग को लेकर छात्रों का प्रदर्शन जारी रहा।
#Tag: #Prayagraj #TeacherRecruitment #StudentProtest
Disclaimer:
यह खबर स्थानीय संवादाता/मीडिया प्लेटफार्म या अन्य द्वारा प्राप्त की गई सूचना पर आधारित है। यदि कोई आपत्ति है या खबर से संबंधित कोई सूचना देने या अपना पक्ष रखने के लिए हमें ईमेल करें: apnabharattimes@gmail.com।
