नेपाल (Nepal) में आई भीषण बाढ़ के नौ दिन बाद त्रिशूली-3A हाइड्रोपावर परियोजना की सुरंग से दो मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। शुक्रवार सुबह बचाव दल ने सुरंग के भीतर अभियान चलाकर दोनों मजदूरों को जिंदा बाहर निकाला। रेस्क्यू किए गए मजदूरों की पहचान संजय साह और कबीर महर्जन के रूप में हुई है। दोनों के सुरक्षित बाहर आने के बाद बचाव अभियान में जुटी टीमों और उनके परिजनों के बीच उम्मीद बढ़ी है।
सुरंग में फंसे थे 42 कर्मचारी और मजदूर:
बाढ़ के बाद त्रिशूली-3A हाइड्रोपावर परियोजना की सुरंग में 42 कर्मचारियों और मजदूरों के फंसे होने की जानकारी सामने आई थी। इसके बाद से ही सुरंग के भीतर फंसे लोगों की तलाश के लिए लगातार बचाव अभियान चलाया जा रहा था। दो मजदूरों के जिंदा मिलने के बाद अब अन्य लोगों की तलाश को लेकर भी उम्मीद बढ़ी है।
रेस्क्यू अभियान के दौरान सुरंग के भीतर से इंसानी आवाज सुनाई देने की सूचना मिली थी। इसके बाद नेपाल सेना (Nepal Army) और सशस्त्र पुलिस बल की टीमें सुरंग के अंदर पहुंचीं और तलाशी अभियान को तेज किया गया। इसी अभियान के दौरान शुक्रवार सुबह संजय साह और कबीर महर्जन को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
बाढ़ के बाद हजारों लोग लापता:
नेपाल में बाढ़ के बाद बड़ी संख्या में लोगों के लापता होने की जानकारी सामने आई है। अब तक 5,300 से ज्यादा लोगों के लापता होने की बात कही गई है। वहीं, बाढ़ प्रभावित इलाकों में शवों की बरामदगी का अभियान भी जारी है। चितवन जिले में सबसे ज्यादा शव बरामद किए गए हैं।
अब तक बरामद शवों में से 95 की पहचान की जा चुकी है। प्रशासन और बचाव दल लापता लोगों की तलाश के साथ-साथ बरामद शवों की पहचान करने और उन्हें उनके परिजनों तक पहुंचाने की प्रक्रिया में जुटे हैं।
25 अगस्त को काम के लिए पहुंचे थे कबीर:
कबीर महर्जन 25 अगस्त की सुबह त्रिशूली-3A में रखरखाव के काम के लिए गए थे। इसके अगले दिन 26 अगस्त को आई बाढ़ की घटना के बाद उनका फोन बंद हो गया था। इससे परिवार की चिंता लगातार बढ़ती गई।
कबीर की पत्नी हीरा शोभा ने बताया कि 26 अगस्त की सुबह करीब 7:30 बजे उनकी अपने पति से आखिरी बार बात हुई थी। इसके बाद उनसे कोई संपर्क नहीं हो सका। कई दिनों तक कबीर की कोई खबर नहीं मिलने से परिवार के लोग परेशान रहे।
रेस्क्यू के बाद परिवार ने ली राहत की सांस:
कई दिनों तक कबीर की कोई जानकारी नहीं मिलने के बाद शुक्रवार को उनके सुरक्षित बाहर आने की खबर परिवार के लिए बड़ी राहत लेकर आई। रेस्क्यू के बाद कबीर की पत्नी ने कहा कि उन्हें ऐसा लगा जैसे उनके पति को दूसरी जिंदगी मिल गई हो।
कबीर के सुरक्षित बाहर निकलने के बाद उनके परिजनों ने राहत की सांस ली है। वहीं, संजय साह के भी सुरक्षित रेस्क्यू से बचाव अभियान में जुटी टीमों के प्रयासों को लेकर उम्मीद बढ़ी है। सुरंग में फंसे अन्य लोगों की तलाश के लिए अभियान जारी है।
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