
लखनऊ। किंग जाॅर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (KGMU) में आने वाले समय में इमेजिंग तकनीक की जांच और सर्जरी की सुविधाएं ऑपरेशन थिएटर में ही मिल सकेंगी। इसके लिए संस्थान में हाइब्रिड ओटी की स्थापना की जा रही है। सभी विभाग साझा तरीके से इसका इस्तेमाल कर सकेंगे।
वहीं प्रवक्ता प्रो. के के सिंह ने बताया कि बजट में केजीएमयू को हाइब्रिड ओटी के लिए 18 करोड़ रुपये आवंटित हो गए हैं। इस साल के आखिर तक इसकी शुरुआत हो जाएगी। हाइब्रिड ओटी में सर्जरी की सुविधाओं के साथ ही इमेजिंग उपकरणों जैसे सीटी स्कैन, एमआरआई और एंजियोग्राफी की सुविधाएं माैजूद रहती हैं। इसमें सर्जन को एक ही स्थान पर सर्जरी के साथ ही इमेजिंग की सुविधाएं मिल जाती हैं। जटिल सर्जरी के मामलों में कई बार इमेजिंग तकनीक की जरूरत पड़ती है। इंटरवेंशन रेडियोलाॅजी के प्रोसीजर भी हाइब्रिड ओटी से संभव हो पाते हैं।
फिलहाल प्रदेश के किसी भी सरकारी संस्थान में हाइब्रिड ओटी की सुविधा नहीं है। एम्स दिल्ली में पिछले साल देश की पहली हाइब्रिड ओटी की स्थापना हुई है। अब लखनऊ में इसकी शुरुआत होने वाली है। जांच और सर्जरी की सुविधाएं एक ही स्थान पर होने से जांच के लिए शिफ्ट करने में लगने वाले समय की बचत होगी।

