संवाददाता: शैलेंद्र शर्मा
आजमगढ। जिले में पिछले एक सप्ताह से अपराध का पारा गर्म है। लगातार हत्याओं से जनपद थर्रा रहा है। पिछले करीब दस दिनो में आठ लोगों को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा है। गुरूवार को भी रौनापार थाना क्षेत्र के बरडीहा गांव में दुकान के सामने सो रहे वृद्व के उपर मिट्टी और गोबर का घोल फेकने ने का विरोध करने पर वृद्व की हत्या कर दी। वृद्व की हत्या से पूरे गांव में सनसनी फैल गयी। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और घटना की छानबीन में जुट गयी है। वही परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही और भ्रष्ट्राचार का आरोप लगाया है। रौनापार थाना क्षेत्र के बरडीहा गांव में निवासी राजनरायन गुप्ता की गांव से कुछ दूर पर दुकान है। वे प्रतिदिन की भांत दुकान के बाहर सो रहे थे। गुरूवार की तड़के गांव के कुछ मनबढ़ों ने गोबर और मिटटी का घोल फेंक दिया। जिसका वृद्व ने विरोध किया तो मनबढ़ आक्रोशित हो गये। मनबढ़ों ने वृद्व को मारने पीटने के साथ पटक दिया। जिससे वृद्व की मौत हो गयी। वृद्व की मौत के बाद मनबढ़ मौके से फरार हो गये। मौके पर पहुंची शव को अपने कब्जे में ले लिया। वही मृतक के पुत्र ने चार लोगों के खिलाफ थाने में हत्या की तहरीर दी है। मृतक के पुत्र का आरोप है कि गांव के ग्राम प्रधान छोटेलाल निषाद के कहने पर उनके घर के कुछ लोग उनके पिता पर गोबर और मिटटी का घोल फेंका और विरोध करने पर हत्या कर दिया। परिजनों का आरोप है कि आरोपी ग्राम प्रधान दबंग किस्म का व्यक्ति है। इसके पहले भी वह असलहों के साथ उनकी दुकान पर आया था दरवाजा भी तोड़ दिया था। आरोपी प्रधान के खिलाफ जब वे थाने पर पहुंचे तो मुकदमा दर्ज करने के लिए पुलिस ने रूपया मांगा। रूपया नहीं देने पर मुकदमा दर्ज नहीं किया। वही पुलिस अधीक्षक ने दावा किया कि वृद्व की हत्या नहीं हुई बल्कि गोबर के घोल को धोने के लिए वह मशीन पर गया था। जहां उसका पैर फिसल गया जिससे मौत हुई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है। परिजनों की तहरीर पर तत्काल मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर अग्रीम कार्रवाई की जायेगी।