लखीमपुर खीरी: मूसलाधार बारिश से लिलौटीनाथ मंदिर का रास्ता जलमग्न, मगरमच्छ का बढ़ा खतरा।
लखीमपुर खीरी (Lakhimpur Kheri) में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश और तेज हवाओं के चलते जिले में नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। बढ़ते जलस्तर का असर प्राचीन लिलौटीनाथ मंदिर तक पहुंचने वाले रास्ते पर भी दिखाई दे रहा है। महाभारत कालीन माना जाने वाला यह मंदिर इन दिनों चारों तरफ से जलभराव की स्थिति से घिरा हुआ है। कई स्थानों पर पानी कमर से ऊपर तक पहुंचने की बात सामने आई है, जिससे श्रद्धालुओं और ग्रामीणों के लिए आवागमन मुश्किल हो गया है।
मंदिर तक पहुंचने वाला रास्ता पानी में डूबा:
लगातार बारिश के कारण लिलौटीनाथ मंदिर जाने वाला मार्ग पूरी तरह पानी में डूब गया है। रास्ते पर जलस्तर बढ़ने से श्रद्धालुओं को मंदिर तक पहुंचने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के लिए भी आवागमन चुनौतीपूर्ण हो गया है। जलभराव के बीच रास्ते की स्थिति ऐसी हो गई है कि लोगों को पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है।
कंडवा नदी में मगरमच्छ का भी खतरा:
कंडवा नदी में कुछ दिन पहले मगरमच्छ देखे जाने की बात सामने आई थी। ग्रामीणों के मुताबिक नदी और आसपास के इलाकों में पानी बढ़ने के साथ मगरमच्छ के खतरे को लेकर भी चिंता बनी हुई है। ऐसे में जलभराव वाले रास्तों से होकर मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीणों के बीच भी इसे लेकर आशंका बनी हुई है।
तेज हवाओं से बढ़ी लोगों की परेशानी:
बारिश के साथ चल रही तेज हवाओं ने भी लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कई स्थानों पर पेड़ गिरने की स्थिति सामने आई है, जबकि बिजली बाधित होने से भी लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लगातार बारिश, बढ़ता जलस्तर और तेज हवाओं के कारण ग्रामीण इलाकों में सामान्य जनजीवन प्रभावित हो रहा है।
जलभराव के बीच श्रद्धालु पहुंचे मंदिर:
मुश्किल परिस्थितियों के बावजूद कुछ श्रद्धालु लिलौटीनाथ मंदिर पहुंचते नजर आए। जलभराव के बीच श्रद्धालुओं ने मंदिर में भगवान शिव का जलाभिषेक किया और पूजा-अर्चना की। हालांकि, मंदिर के रास्ते पर पानी की स्थिति को देखते हुए वहां तक पहुंचना जोखिम भरा बताया जा रहा है।
महंत ने श्रद्धालुओं से की अपील:
लिलौटीनाथ मंदिर के महंत अमित गिरी ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे अपनी जान जोखिम में डालकर मंदिर तक पहुंचने का प्रयास न करें। उन्होंने मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए श्रद्धालुओं से सावधानी बरतने को कहा है। महंत ने प्रशासन से भी राहत और सुरक्षा की व्यवस्था कराने की मांग की है, ताकि जलभराव और बढ़ते खतरे के बीच लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
Disclaimer:
यह खबर स्थानीय संवादाता/मीडिया प्लेटफार्म या अन्य द्वारा प्राप्त की गई सूचना पर आधारित है। यदि कोई आपत्ति है या खबर से संबंधित कोई सूचना देने या अपना पक्ष रखने के लिए हमें ईमेल करें: apnabharattimes@gmail.com।
#Tag: #LakhimpurKheri
रिपोर्टर: हर्ष गुप्ता