लखनऊ: नेचुरल फॉर्मिंग हब बन रहा यूपी, योगी सरकार 298 करोड़ रुपये से करेगी विस्तार
रिपोर्टर: अनुज कुमार
लखनऊ (Lucknow)। उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में प्राकृतिक खेती (Natural Farming) को मिशन मोड में आगे बढ़ाते हुए योगी सरकार (Yogi Government) ने प्रदेश के सभी 75 जिलों (75 Districts) में कुल 94,300 हेक्टेयर तक प्राकृतिक खेती का विस्तार किया है। यह क्षेत्रफल जल्द ही एक लाख हेक्टेयर तक पहुंचने वाला है। इस व्यापक अभियान में बुंदेलखंड (Bundelkhand) पर विशेष फोकस रखा गया है, ताकि सातों जिलों में जलधारण क्षमता बढ़े और खेती अधिक टिकाऊ एवं लाभकारी बने।
बुंदेलखंड में गो-आधारित प्राकृतिक खेती:
योगी सरकार ने बुंदेलखंड के सभी जनपदों झांसी (Jhansi), ललितपुर (Lalitpur), जालौन (Jalaun), हमीरपुर (Hamirpur), महोबा (Mahoba), बांदा (Banda) और चित्रकूट (Chitrakoot) में 23,500 हेक्टेयर क्षेत्र में गो-आधारित प्राकृतिक खेती का कार्यक्रम शुरू किया है। इस पहल का उद्देश्य किसानों को रासायनिक खाद और कीटनाशकों पर कम निर्भर बनाना है।
कम लागत, ज्यादा लाभ वाले कृषि मॉडल:
जीवामृत (Jeevamrit) और घनजीवामृत (GhanJeevamrit) के प्रयोग से रासायनिक खाद और कीटनाशकों की जरूरत घटेगी। इससे खेती की लागत कम होगी और किसानों की आय बढ़ेगी। योगी सरकार का फोकस ‘कम लागत, ज्यादा लाभ’ वाले टिकाऊ कृषि मॉडल को बढ़ावा देने पर है।
कम वर्षा वाले क्षेत्रों के लिए लाभकारी कदम:
गोसेवा आयोग (Goseva Commission) के अध्यक्ष श्याम बिहारी गुप्ता (Shyam Bihari Gupta) के अनुसार प्राकृतिक खेती से मिट्टी की संरचना सुधरती है और जलधारण क्षमता बढ़ती है। बुंदेलखंड और अन्य कम वर्षा वाले क्षेत्रों में यह पहल खेती को टिकाऊ बनाएगी और क्षेत्रीय कृषि अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगी।
किसानों का प्रशिक्षण और सशक्तिकरण:
योगी सरकार किसानों को प्राकृतिक खेती की तकनीकों में प्रशिक्षित करने के लिए बड़े पैमाने पर प्रशिक्षण कार्यक्रम चला रही है। इससे किसानों को आत्मनिर्भर बनने में मदद मिल रही है और प्राकृतिक कृषि प्रणाली को मुख्यधारा में लाने का प्रयास सफल हो रहा है।
स्वास्थ्य, पर्यावरण और आय पर सकारात्मक प्रभाव:
प्राकृतिक उत्पादों की ब्रांडिंग और पर्यावरण-अनुकूल कृषि प्रणाली के प्रसार से किसानों की आय में वृद्धि होगी। साथ ही मानव स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण पर भी सकारात्मक असर पड़ेगा। श्याम बिहारी गुप्ता (Shyam Bihari Gupta) का कहना है कि योगी सरकार की दूरदर्शी नीति के चलते उत्तर प्रदेश प्राकृतिक खेती की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है, जिसमें बुंदेलखंड परिवर्तन का अग्रदूत बनकर उभर रहा है।
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