वैष्णो देवी यात्रा पर कहर: भूस्खलन में 31 की मौत, सैकड़ों श्रद्धालु फंसे, ट्रेनें रद्द



Jammu Kashmir: जम्मू-कश्मीर में माता वैष्णो देवी धाम की यात्रा पर गए श्रद्धालुओं के लिए हालात भयावह हो गए हैं। कटरा के अर्धकुमारी के पास मंगलवार देर रात भारी भूस्खलन हुआ, जिसमें अब तक 31 लोगों की मौत हो चुकी है और 23 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं। हादसे के बाद से इलाके में अफरा-तफरी का माहौल है और बारिश लगातार बाधा बन रही है।

हादसे की वजह और असर

मौसम विभाग पहले से ही इस क्षेत्र में भारी बारिश की चेतावनी दे चुका था। मंगलवार को हुई मूसलधार बारिश से पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन हुआ, जिसकी चपेट में श्रद्धालु आ गए। भूस्खलन के कारण यात्रा मार्ग बाधित हो गया और बचाव दल को मौके पर पहुंचने में भी कठिनाई का सामना करना पड़ा। बारिश रुक-रुककर अब भी जारी है, जिससे राहत कार्य धीमा पड़ गया है।

यात्रा रोकनी पड़ी

प्रशासन ने तुरंत प्रभाव से वैष्णो देवी यात्रा को अस्थायी तौर पर रोक दिया है। कटरा से अर्धकुमारी तक के मार्ग को सुरक्षा कारणों से बंद कर दिया गया है। श्रद्धालुओं को सलाह दी गई है कि वे तब तक यात्रा शुरू न करें, जब तक हालात सामान्य न हो जाएं।

सैकड़ों लोग फंसे

इस हादसे के बाद सबसे ज्यादा परेशान वे लोग हैं, जो माता के दर्शन करके अपने घर लौटना चाहते थे। यूपी, बिहार, राजस्थान, महाराष्ट्र समेत कई राज्यों से आए श्रद्धालु फिलहाल कटरा और जम्मू में फंसे हुए हैं। ट्रेन सेवाएं बाधित होने के कारण वे यहां से निकल नहीं पा रहे हैं।

ट्रेनों का संचालन प्रभावित

रेलवे ने मौसम खराब होने के चलते मंगलवार को ही जम्मू और कटरा जाने वाली 22 ट्रेनों को रद्द कर दिया था। इसके चलते यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कटरा रेलवे स्टेशन पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु फंसे हैं, जिनके लिए अस्थायी शिविर बनाए गए हैं। प्रशासन उन्हें खाने-पीने और रहने की व्यवस्था कराने में जुटा है।

राहत-बचाव कार्य जारी

एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय पुलिस की टीम मौके पर मौजूद है। अब तक मलबे से कई लोगों को सुरक्षित निकाला गया है। घायलों को कटरा और जम्मू के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। अधिकारियों का कहना है कि बारिश थमते ही राहत कार्य तेज किया जाएगा।

सरकार की निगरानी

जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने इस पूरे हादसे पर नजर रखी हुई है। मुख्यमंत्री और उपराज्यपाल लगातार हालात की जानकारी ले रहे हैं। केंद्र सरकार ने भी हरसंभव मदद का भरोसा दिया है। मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने और घायलों के मुफ्त इलाज का ऐलान किया गया है।

श्रद्धालुओं की अपील

स्थानीय प्रशासन और यात्रा प्रबंधन बोर्ड ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और बिना अनुमति यात्रा पर न निकलें। बारिश और भूस्खलन की संभावना को देखते हुए अगले कुछ दिनों तक स्थिति सामान्य होने की उम्मीद नहीं है।

यह हादसा एक बार फिर पर्वतीय यात्राओं के खतरों और मौसम की अनिश्चितता पर गंभीर सवाल खड़े करता है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए ठोस और स्थायी इंतज़ाम किए जाने की मांग भी जोर पकड़ने लगी है।

Leave a Reply

Discover more from Apna Bharat Times

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading