गाजीपुर | उतर प्रदेश उघोग व्यापार मंडल के निर्देश पर आज उघोग व्यापार मंडल दिलदारनगर के महामंत्री दिनेश अकेला मंडी समिति के अन्दर लगने वाले टैक्स को समाप्त किये जाने हेतु जमानिया विधायिका सूनीता सिंह से उनके आवास पर मुलाकात कर एक पत्रक सौंपा.
पत्रक में कहा गया कि प्रदेश के आस पास के राज्यों में या तो मंडी शुल्क नहीं है और किन्हीं राज्य में है तो उनकी दर बहुत कम है,जिसकी वज़ह से यहां का व्यापार पड़ोसी राज्यों में चला जाता है जिसके लिए कई बार प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी जी से मांग की गई की मंडी शुल्क पुर्णत: समाप्त कर दिया जाय।
आगे कहा गया कि विगत दिनों दिल्ली के कांस्टीट्यूशन क्लब में राष्ट्रीय सम्मेलन में श्याम बिहारी मिश्रा के नेतृत्व में हुआ, जिसमें सभी व्यापारियों ने कॣषि मंत्री नरेन्द्र तोमर के सामने ये प्रमुख मांग रखी कि एक देश एक टैक्स होना चाहिए इसलिए मंडी शुल्क को समाप्त किया जाय, जिस पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केन्द्रीय कृषि मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने जुन में पुरे देश से गजट नोटिफिकेशन के द्वारा मंडी शुल्क एवं उनके प्रावधानों को पूर्णतः समाप्त करने कर दिया. परन्तु मंडी स्थल के अन्दर मंडी शुल्क समाप्त करने का अधिकार राज्य सरकारों को है.
साथ ही कहा गया कि मंडियों के अन्दर दो प्रतिशत टैक्स लगने के कारण एक ही शहर की बाउंड्री के अन्दर दो प्रकार के टैक्स लग गये है, जिससे आढ़तियों व्यापारियों पर रोजी रोटी का संकट आ गया है, इससे जुड़े तमाम कर्मचारी पल्लेदार,मुनीम,वाहन चालक,व अन्य लगभग लाखों लोग बेरोजगार हो जायेंगे, आप सम्मानित जनप्रतिनिधि है, आम व्यापारी चाहता है कि आप मुख्यमंत्री जी के सामने विधानसभा में इस आवाज को बुलंद करें एवं मंडी शुल्क को पूर्णतः समाप्त करवा दें.
