लखनऊ में शनिवार से उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) की प्रारंभिक पात्रता परीक्षा (PET-2025) शुरू हो गई। परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी रही। महिला अभ्यर्थियों से बुर्के की क्लिप और कान की बालियां उतरवाई गईं, वहीं पुरुष अभ्यर्थियों से हाथ का कलावा, कड़े और बेल्ट तक हटवाए गए। सभी परीक्षार्थियों की मेटल डिटेक्टर से जांच की गई और फोटो पहचान पत्र का मिलान करने के बाद ही प्रवेश दिया गया। परीक्षा में मोबाइल फोन, ब्लूटूथ, स्मार्ट वॉच और कैलकुलेटर जैसे उपकरणों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया गया है।
दो दिन, दो पाली और लाखों परीक्षार्थी
यह परीक्षा 06 और 07 सितंबर को दो दिन तक चलेगी। हर दिन दो पाली होंगी, जिसमें करीब 6.33 लाख परीक्षार्थी शामिल होंगे। पूरे प्रदेश में लगभग 91 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। केवल लखनऊ जिले में दोपहर बाद दूसरी पाली के लिए परीक्षार्थियों की एंट्री एक बजे से शुरू कर दी गई। PET 2025 का स्कोर तीन साल तक मान्य रहेगा, इसलिए इसे लेकर अभ्यर्थियों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। परीक्षा की पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए आयोग ने सभी जिलों में कंट्रोल रूम स्थापित किए हैं। वहीं, लखनऊ में स्टेट लेवल कंट्रोल रूम से हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।

इन जिलों में हो रही परीक्षा
लखनऊ के अलावा आगरा, अलीगढ़, गोरखपुर, प्रयागराज, वाराणसी, कानपुर नगर, मेरठ, गाजियाबाद, नोएडा समेत 50 से अधिक जिलों में परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। महिला और दिव्यांग अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए उन्हें उनके जिले में ही परीक्षा केंद्र आवंटित किए गए हैं। जबकि अन्य अभ्यर्थियों को मंडलवार केंद्र दिए गए हैं। यदि किसी मंडल में क्षमता से अधिक परीक्षार्थी पाए गए, तो उन्हें नजदीकी मंडलों में शिफ्ट किया गया।
समय पालन और ऐप से मदद
UPSSSC ने परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए एक मोबाइल एप भी लॉन्च किया है, जिसे अब तक चार लाख से अधिक अभ्यर्थी डाउनलोड कर चुके हैं। एप पर परीक्षा से जुड़ी सभी आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है। आयोग ने सभी उम्मीदवारों को सलाह दी है कि वे परीक्षा शुरू होने से कम से कम दो घंटे पहले केंद्र पर पहुंचे। निर्धारित समय से आधा घंटे पहले गेट बंद कर दिए जाएंगे। देरी से आने वाले उम्मीदवारों को प्रवेश नहीं मिलेगा। परीक्षा को नकलमुक्त और सुरक्षित माहौल में कराने के लिए इस बार की व्यवस्था पहले से कहीं अधिक सख्त की गई है।