रिपोर्ट: मोहम्मद वसीम
Bareilly: बरेली में हालिया बवाल के बाद पुलिस और प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई करते हुए बड़ा एक्शन लिया। मंगलवार को मौलाना तौकीर रजा के दामाद मोहसिन रजा को गिरफ्तार किया गया। मोहसिन तौकीर रजा के बड़े भाई मन्नानी मियां के दामाद बताए जा रहे हैं। इस कार्रवाई से बरेली में कानून व्यवस्था को मजबूत संदेश गया कि अवैध कब्जा और उपद्रव बर्दाश्त नहीं होंगे।
अवैध निर्माण पर बुलडोजर और सीलिंग
पुलिस-प्रशासन की कार्रवाई में मोहसिन रजा के अवैध गैराज को ध्वस्त कर दिया गया, जो नाले की जमीन पर बनाया गया था। इसके अलावा उनके रिसॉर्ट को भी सील कर दिया गया। तौकीर रजा के करीबी हाजी शराफत खान के मैरिज लॉन पर भी ताला जड़ दिया गया। अधिकारियों का कहना है कि अवैध कब्जा और नक्शे में गड़बड़ी पर कोई रियायत नहीं दी जाएगी।
प्रभारी मंत्री का सख्त संदेश
बरेली के प्रभारी मंत्री जेपीएस राठौर ने स्पष्ट शब्दों में कहा, “कानून से बड़ा कोई नहीं है। उपद्रवियों को किसी भी हाल में छोड़ा नहीं जाएगा। जहां गड़बड़ी मिलेगी, वहां बुलडोजर समेत कठोर कार्रवाई होगी।” उनका यह संदेश उपद्रवियों और अवैध कब्जाधारियों के लिए चेतावनी के रूप में लिया जा रहा है।
बड़े नामों पर शिकंजा
अब तक पुलिस ने कुल 62 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें मौलाना तौकीर रजा, उनकी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव डॉ. नफीस और पूर्व जिलाध्यक्ष नदीम शामिल हैं। पुलिस इन्हें बवाल का मास्टरमाइंड मान रही है। तौकीर रजा के करीबियों की 150 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति जब्त की जा चुकी है।
फरार आरोपियों की तलाश
मोहसिन रजा की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस की नजर मन्नानी मियां के दूसरे दामाद और सपा पार्षद ओमान रजा पर है। वह बवाल का आरोपी है और फिलहाल फरार बताया जा रहा है। पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है और जल्द गिरफ्तारी की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री के निर्देश और आगे की कार्रवाई
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बरेली हिंसा के बाद पुलिस-प्रशासन को सख्त निर्देश दिए हैं कि बवाल में शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। अवैध कब्जों और अराजकता पर कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। पुलिस-प्रशासन का कहना है कि कानून और व्यवस्था बनाए रखना प्राथमिकता है और इसके लिए किसी भी हद तक कदम उठाए जाएंगे।

