काठमांडू इस समय भीषण अशांति की गिरफ्त में है। सोमवार को सोशल मीडिया पर लगाए गए प्रतिबंध के खिलाफ युवाओं, खासकर जेन-जेड की अगुवाई में शुरू हुआ विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गया। हालात इतने बिगड़े कि नेपाल की राजधानी का त्रिभुवन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बंद करना पड़ा और भारत से जाने वाली कई उड़ानें प्रभावित हुईं।
भारतीय उड़ानें रद्द और डायवर्ट
एअर इंडिया ने दिल्ली-काठमांडू मार्ग पर चलने वाली तीन उड़ानों (AI2231/2232, AI2219/2220 और AI217/218) को रद्द कर दिया। वहीं, इंडिगो की दिल्ली और मुंबई से उड़ानें (6E1153 और 6E1157) काठमांडू एयरपोर्ट पर उतरने के इंतजार में रहीं, लेकिन अनुमति न मिलने पर उन्हें लखनऊ डायवर्ट करना पड़ा। नेपाल की नागरिक उड्डयन प्राधिकरण के अधिकारी ज्ञानेंद्र भुल ने बताया कि प्रदर्शनकारियों द्वारा लगाई गई आग से उठे धुएं के कारण हवाई अड्डे के दक्षिणी हिस्से से आने वाली उड़ानों की लैंडिंग रोक दी गई।
नेताओं के घरों में आगजनी
सोमवार को हालात और बिगड़े जब प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली समेत कई शीर्ष नेताओं के घरों को आग के हवाले कर दिया। संसद भवन से उठते धुएं के बड़े गुबार की तस्वीरें और वीडियो स्थानीय मीडिया पर छा गए। इसके बाद मंगलवार को ओली ने अपने पद से इस्तीफ़ा दे दिया। सूत्रों के मुताबिक, हालात देखकर कई बड़े नेता देश छोड़ने की तैयारी में हैं।
कर्फ्यू और गुस्से का विस्तार
राजधानी काठमांडू के कई हिस्सों में कर्फ्यू लगा दिया गया है और सभी स्कूलों को बंद करने का आदेश दिया गया है। मंगलवार को भी लोग सोमवार की हिंसा और 19 मौतों के खिलाफ सड़कों पर उतरे। जानकारों का मानना है कि यह आंदोलन अब केवल सोशल मीडिया बैन तक सीमित नहीं है, बल्कि सरकारी भ्रष्टाचार और लंबे समय से पनप रहे राजनीतिक असंतोष के खिलाफ व्यापक गुस्से में तब्दील हो चुका है।
नेपाल में बवाल: पीएम ओली ने दिया इस्तीफ़ा, भारतीय उड़ानें रद्द…

