लखनऊ में टॉप-10 थीम बेस्ड होलिक उत्सव:आज 3729 जगह जलाई जाएगी होलिका, रंगभरी होली 4 मार्च को

लखनऊ: होली पर्व-2026 को लेकर राजधानी लखनऊ में सुरक्षा, यातायात और धार्मिक आयोजनों की व्यापक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। 2 मार्च को होलिका दहन और 3 व 4 मार्च को रंगोत्सव के मद्देनजर कमिश्नरेट पुलिस ने शहर के 3729 होलिका स्थलों को चिन्हित कर विशेष पुलिस प्रबंध किए हैं।

धार्मिक स्थल और सांस्कृतिक कार्यक्रम:
शहर के प्रमुख मंदिरों, घाटों और सार्वजनिक स्थलों पर होलिका दहन, आरती, हवन, शोभायात्रा, महाआरती और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। प्रशासन ने 24 घंटे सीसीटीवी निगरानी की व्यवस्था की है ताकि किसी प्रकार की असामाजिक गतिविधि को रोका जा सके। आयोजकों ने भी आम नागरिकों से सौहार्दपूर्ण और पर्यावरण अनुकूल होली मनाने की अपील की है।

होली तिथि और भद्रा का महत्व:
इस वर्ष होलिका दहन की तिथि को लेकर श्रद्धालुओं में असमंजस देखा जा रहा है। लखनऊ के ज्योतिषाचार्य एस.एस. नागपाल के अनुसार, भद्रा रहित और प्रदोष व्यापिनी पूर्णिमा होलिका दहन के लिए सर्वश्रेष्ठ मानी जाती है। यदि भद्रा मध्य रात्रि से पहले समाप्त हो जाए तो उसके बाद दहन करना चाहिए, लेकिन यदि भद्रा आधी रात तक रहे तो भद्रा पुच्छ में दहन करना शुभ रहेगा। भद्रा मुख में होलिका दहन करना शुभ नहीं माना जाता।

पूर्णिमा और भद्रा का समय:
काशी के ऋषिकेश पंचांग के अनुसार पूर्णिमा तिथि 2 मार्च को शाम 5:18 बजे से 3 मार्च को शाम 4:33 बजे तक रहेगी। भद्रा का समय 2 मार्च शाम 5:18 बजे से 3 मार्च सुबह 4:56 बजे तक है। ऐसे में होलिका दहन 2 मार्च को रात 12:50 से 2:02 बजे तक भद्रा पुच्छ में या 3 मार्च को सुबह 4:56 बजे भद्रा समाप्ति के पश्चात करना शुभ रहेगा।

रंगभरी होली और चंद्रग्रहण:
रंगभरी होली 4 मार्च को खेली जाएगी। 3 मार्च को दोपहर 3:21 से शाम 6:46 बजे तक चंद्रग्रहण रहेगा। इस दौरान सूर्या और चंद्र ग्रहण से संबंधित सूतक सुबह 9:20 बजे से लागू होगा, इसलिए इस अवधि में होली से जुड़े मांगलिक कार्य वर्जित रहेंगे।

यातायात और सुरक्षा प्रबंध:
सुरक्षा और यातायात के लिए पुलिस ने विशेष व्यवस्थाएं की हैं। शहर के व्यस्त इलाकों में यातायात नियंत्रण और होलिका स्थलों पर फ्लैग मार्शल तैनात किए जाएंगे। प्रशासन ने नागरिकों से भी अपील की है कि वे सार्वजनिक स्थलों पर आग और भारी भीड़ से बचें और अपने घरों में सुरक्षित तरीके से होली का आनंद लें।

पर्यावरण और सामाजिक जिम्मेदारी:
आयोजकों ने रंगों और जल के उपयोग को पर्यावरण के अनुकूल बनाए रखने का आग्रह किया है। साथ ही लोगों से यह भी कहा गया है कि जल स्रोतों को प्रदूषित न करें और सार्वजनिक स्थलों पर सफाई का ध्यान रखें।

Disclaimer:
यह खबर स्थानीय संवादाता/मीडिया प्लेटफार्म या अन्य द्वारा प्राप्त की गई सूचना पर आधारित है। यदि कोई आपत्ति है या खबर से संबंधित कोई सूचना देने या अपना पक्ष रखने के लिए हमें ईमेल करें: apnabharattimes@gmail.com


#Tag: #Lucknow, #Holi2026, #Security, #CulturalEvents, #TrafficManagement, #ReligiousCelebration, #PolicePreparedness

Related Post

Leave a Reply

Discover more from Apna Bharat Times

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading