उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और राजस्थान के पूर्व राज्यपाल कल्याण सिंह का शनिवार को लखनऊ के संजय गांधी पोस्टग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एसजीपीजीआई) में निधन हो गया। वो बीते चार जुलाई से अस्पताल में भर्ती थे। डॉक्टरों ने बताया कि सेप्सिस और मल्टी ऑर्गन फेल्योर के कारण उनका निधन हुआ है। वह 89 वर्ष के थे।

कल्याण सिंह के निधन पर शनिवार को प्रदेश भर में शोक की लहर दौड़ गई। यह दुखद सूचना पाते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित पार्टी के कई वरिष्ठ मंत्री और नेता पीजीआइ पहुंच गए। वहां से पार्थिव देह को स्वजन माल एवेन्यू स्थित उनके आवास पर ले आए। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने तीन दिन के राजकीय शोक की घोषणा कर दी। इधर, भाजपा ने अपने तीन दिन के सभी कार्यक्रम स्थगित कर दिए हैं।

उससे पहले पीजीआइ पहुंचे योगी ने बताया कि राजकीय शोक की अवधि में राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा। रविवार को कल्याण सिंह की पार्थिव देह सुबह नौ से 11 बजे तक विधान भवन और फिर 11 से एक बजे तक भाजपा प्रदेश मुख्यालय में दर्शनों के लिए रखी जाएगी। यहां श्रद्धांजलि के बाद दोपहर दो बजे शव को अलीगढ़ ले जाया जाएगा। वहां भी देह को जनता के दर्शनों के लिए स्टेडियम में रखा जाएगा।













