मरदह – केयर विलेज फाउंडेशन एवं युवा तुर्क पुस्तकालय मरदह ,गाजीपुर के तत्वाधान में युवा तुर्क जन नायक श्रद्धेय चन्द्रशेखर जी की 93वीं जयन्ती बहुत ही स्नेह एवं श्रद्धा पूर्वक तथा लॉक डाउन, सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए पारिवारिक सदस्यों के साथ अयोजियत की गयी। ये वो मुसाफिर थे जिनके लिए सदियों,,!राहें भी तरसती है मंजिल भी तरसता है,,!!
समता और समानता के प्रतिमूर्ति , निष्पक्ष, परोपकारी, शाश्वत विद्रोही, करूणा की मूर्ति, समाजवाद के अनन्य योद्धा, लोकतंत्र के अग्रदूत, स्वतन्त्रता संग्राम सेनानी, सरस्वती के वरद पुत्र, संसार के महान पदयात्री, आमजन के मार्ग दर्शक, क्षितिज के बागी बलिया का धवल धूमकेतु, शिखर पर रहकर शून्य तक नजर रखने वाला सचेतक, युवातुर्क चन्द्र शेखरजी व उनकी श्रद्धेय स्मृतियों को मरदह,गाजीपुर की धरती पर सत-सत नमन् किया गया। बागी धरती के लाल श्रद्धेय चन्द्रशेखर के व्यक्तित्व के इतने आयाम हैं कि उन्हें शब्दों की परिधि में समेटना नामुमकिन है। युवा तुर्क पुस्तकालय एवं केयर विलेज़ फाउंडेशन के अध्यक्ष विशाल सिँह ने कहा की कोरोना महामारी पर विजय ही माननीय चंद्रशेखर जी को सच्ची श्रद्धांजलि होंगी, साथ मे कोर्डिनेटर हेमंत सिँह, राकेश वर्मा जी, संजय सिँह, मनीष सिँह, विनय सिँह, राकेश कुमार उपस्थित रहे |

Leave a Reply